आखिर गाजीपुर अधीक्षक को मिल ही गया जौनपुर जेल का डीडीओ

जेल संचालन के लिए बदला गया आहरण वितरण का कार्य गाजीपुर जेल अधीक्षक को मिला जौनपुर का प्रभार

आखिर गाजीपुर अधीक्षक को मिल ही गया जौनपुर जेल का डीडीओ
जिला कारागार जौनपुर

लखनऊ। जौनपुर जेल में आहरण वितरण (डीडीओ) का प्रभार गाजीपुर जेल अधीक्षक को सौंप ही दिया गया। डीडीओ का प्रभार मुख्यालय में अस्थाई ड्यूटी पर लगाए गए जौनपुर जेल अधीक्षक के पास होने से जेल के संचालन में अधिकारियों को तमाम तरह की दिक्कतों से जूझना पड़ रहा था। दो दिन पहले जौनपुर जेल में डीडीओ को लेकर मचा घमासान शीर्षक से खबर प्रकाशित होने के बाद कारागार मुख्यालय ने यह निर्णय लिया है। एक जेल का प्रभार दो अधीक्षकों के पास होने से काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था।

गौरतलब है कि बीते दिनों कारागार मुख्यालय ने जौनपुर जेल अधीक्षक को पुलिस का सहयोग नहीं करने के आरोप में जौनपुर जेल से हटाकर कारागार मुख्यालय में अस्थाई ड्यूटी पर लगा दिया गया था। जौनपुर जेल का अतिरिक्त प्रभार गाजीपुर जेल अधीक्षक को सौंप दिया गया। सूत्रों का कहना है जेल के आहरण वितरण (डीडीओ) जेल से हटाए गए अधीक्षक के पास है। डीडीओ का प्रभार नहीं मिलने की वजह से जेल का अतिरिक्त प्रभार पाने वाले अधीक्षक भी जेल के कार्यों में कोई रुचि नहीं दिखा रहे है। गाजीपुर से जौनपुर के बीच करीब डेढ़ सौ किलोमीटर दूरी होने की वजह से उनका जौनपुर जेल पर आवागमन भी काफी कम होता है। सूत्रों का कहना है कि प्रभारी अधीक्षक ने जौनपुर जेल का डीडीओ हासिल करने के लिए ठेकेदारों के बिल लखनऊ स्थित कारागार मुख्यालय भेजे ही नहीं। इससे जौनपुर जेल में दैनिक उपयोग की वस्तुओं की आपूर्ति करने वाले ठेकेदारों के बिलों का भुगतान नहीं हो पाया। इससे जेल की व्यवस्थाएं पूरी तरह से अस्त व्यस्त हो गई हैं।

सूत्र बताते है कि खबर प्रकाशित होने के बाद हरकत में आए कारागार मुख्यालय के मुखिया ने जौनपुर जेल के डीडीओ का प्रभार जेल का अतिरिक्त प्रभार संभाल रहे गाजीपुर जेल अधीक्षक को सौंप दिया है। उधर इस संबंध में जब प्रभारी जेल अधीक्षक अरुण कुमार से बात की गई तो उन्होंने डीडीओ का प्रभार सौंप जाने की बात स्वीकार करते हुए बताया कि डीडीओ नहीं मिलने के पहले भी जेल में दैनिक सामानों की आपूर्ति सामान्य तरीके से चल रही है।