उपाध्यक्ष के निर्देशों पर पलीता लगा रहे क्षेत्रीय अभियंता

आशियाना क्षेत्र में आवासीय भवन तोड़कर बनाए जा रहे कॉम्प्लेक्स तालाब की जमीन पर भी हो रहा धड़ल्ले से निर्माण

उपाध्यक्ष के निर्देशों पर पलीता लगा रहे क्षेत्रीय अभियंता
तालाब की जमीन पर भी हो रहा धड़ल्ले से निर्माण

कैप्शन स्टोरी

लखनऊ। प्राधिकरण की कानपुर रोड योजना के तहत निर्मित आशियाना कॉलोनी में विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष की मुहिम पर विकास प्राधिकरण के अधिकारी ही पलीता लगा रहे हैं। कालोनी के आशियाना चौराहे से खजाना मार्केट की ओर जाने वाले मार्ग पर आवासीय भवन को तोड़कर व्यावसायिक कॉम्प्लेक्स बनाने का काम जोरशोर से चल रहा है। निर्माणाधीन कॉम्प्लेक्स के ठीक बगल में आवासीय भवन बना हुआ है। ग्रीन कपड़े की आड़ में बन रहा व्यावसायिक कॉम्प्लेक्स का निर्माण तालाब की भूमि पर कराया जा रहा है। खजाना चौराहे के निकट तालाब की जमीन पर अवैध निर्माणों का कार्य धड़ल्ले से चल रहा है।

इस निर्माणाधीन व्यावसायिक कॉम्प्लेक्स से मात्र 25 मीटर की दूरी पर चौराहे पर बने कॉम्प्लेक्स को पिछले दिनों एलडीए की ओर से सील भी किया गया था। मानकों के विपरीत बने इस कॉम्प्लेक्स को कॉम्प्लेक्स के मालिक ने एलडीए के अधिकारियों के साथ साठ गांठ करके बगैर औपचारिक कार्यवाही किए ही एलडीए के सील इस कॉम्प्लेक्स को खोल दिया गया। यह तो बानगी है। आशियाना के बंगला बाजार पुलिस चौकी से आशियाना चौराहे की ओर जाने वाले मार्ग पर दर्जनों की संख्या में आवासीय भवनों को तोड़कर व्यावसायिक कॉम्प्लेक्स बनाने का काम बड़ी रफ्तार से चल रहा है। एलडीए के स्थानीय अभियंताओं और कर्मियों की खाओ कमाओ की नीति की वजह से आवासों में रहने वाले आवंटियों को तमाम तरह की समस्याओं जूझना पड़ रहा है। दुकानों के देर रात खुले रहने के कारण कालोनी में आपराधिक घटनाओं में भी बढ़ोत्तरी हो गई है। बीते दिनों प्राधिकरण के उपाध्यक्ष ने अभियंताओं और कर्मियों को स्पष्ट निर्देश दिया था कि कॉलोनी में आवासीय भूखंडों पर व्यावसायिक कॉम्प्लेक्स के निर्माण के लिए सीधे तौर पर क्षेत्रीय अभियंताओं को दोषी माना जाएगा। उपाध्यक्ष का यह निर्देश फाइलों में ही सिमट कर रह गया है।